Real Shayari in Hindi & English | Heart Touching Love, Sad, Friendship, Emotional and True Life Shayari Collection Shayari

ख़ुश रहे या बहुत उदास रहे
ज़िन्दगी तेरे आस पास रहे

ख़ुश रहे या बहुत उदास रहेज़िन्दगी तेरे आस पास रहे चाँद इन बदलियों से निकलेगाकोई आयेगा दिल को आस रहे हम मुहब्बत के फूल हैं शायदकोई काँटा भी आस पास रहे मेरे सीने में...

काश वो समझते इस दिल की तड़प को,
तो हमें यूँ रुसवा न किया जाता,

काश वो समझते इस दिल की तड़प को,तो हमें यूँ रुसवा न किया जाता,यह बेरुखी भी उनकी मंज़ूर थी हमें,बस एक बार हमें समझ तो लिया होता।

काग़ज़ काग़ज़ हर्फ़ सजाया करता है,
तन्हाई में शहर बसाया करता है,

काग़ज़ काग़ज़ हर्फ़ सजाया करता है,तन्हाई में शहर बसाया करता है,कैसा पागल शख्स है सारी-सारी रात,दीवारों को दर्द सुनाया करता है,रो देता है आप ही अपनी बातों पर,और फिर खुद को आप हंसाया करता...

एक नजर भी देखना गंवारा नहीं उसे,
जरा सा भी एहसास हमारा नहीं उसे,

एक नजर भी देखना गंवारा नहीं उसे,जरा सा भी एहसास हमारा नहीं उसे,वो साहिल से देखते रहे डूबना हमारा,हम भी खुद्दार थे पुकारा नहीं उसे।

अगर ये ज़िद है कि मुझसे दुआ सलाम न हो,
तो ऐसी राह से गुज़रो जो राह-ए-आम न हो।

अगर ये ज़िद है कि मुझसे दुआ सलाम न हो,तो ऐसी राह से गुज़रो जो राह-ए-आम न हो। सुना तो है कि मोहब्बत पे लोग मरते हैं,ख़ुदा करे कि मोहब्बत तुम्हारा नाम न हो।...

हम दोस्ती एहसान वफ़ा भूल गए हैं ज़िंदा तो है जीने की अदा भूल गए हैं

हम दोस्ती एहसान वफ़ा भूल गए हैंज़िंदा तो है जीने की अदा भूल गए हैं ख़ुशबू जो लुटाती है मसलते हैं उसी कोएहसान का बदला यही मिलता है कली कोएहसान तो लेते है, सिला...

सबने मिलाया हाथ यहाँ तीरगी* के साथ
कितना बड़ा मज़ाक हुआ रोशनी के साथ

सबने मिलाया हाथ यहाँ तीरगी* के साथकितना बड़ा मज़ाक हुआ रोशनी के साथ शर्तें लगाईं जाती नहीं दोस्ती के साथकीजिये मुझे कुबूल मेरी हर कमी के साथ तेरा ख़याल, तेरी तलब, तेरी आरज़ूगुजरी है...

मेरी आँख को यह सब कौन बताने देगा
खवाब जिसके हैं वहीं नींद न आने देगा

मेरी आँख को यह सब कौन बताने देगाखवाब जिसके हैं वहीं नींद न आने देगा उसने यूँ बाँध लिया खुद को नये रिशतों मेंजैसे मुझ पर कोई इलज़ाम न आने देगा सब अंधेरे से...

तुम बिन जाऊँ कहाँ, के दुनिया में आके
कुछ न फिर चाहा कभी तुमको चाहके, तुम बिन …

तुम बिन जाऊँ कहाँ, के दुनिया में आकेकुछ न फिर चाहा कभी तुमको चाहके, तुम बिन … देखो मुझे सर से कदम तक, सिर्फ़ प्यार हूँ मैंगले से लगालो के तुम्हारा बेक़रार हूँ मैंतुम...

इश्क़ वालों से न पूंछो कि
उनकी रात का आलम तनहा कैसे गुज़रता है

इश्क़ वालों से न पूंछो किउनकी रात का आलम तनहा कैसे गुज़रता है जुदा हो हमसफ़र जिसका,वो उसको याद करता है न हो जिसका कोई वो मिलने की फ़रियाद करता हैसलाम-ए-इश्क़ मेरी जाँ ज़रा...