दिल की धड़कन को अब एक लम्हा सबर नहीं
दिल की धड़कन को अब एक लम्हा सबर नहीं
शायद अब उसको मेरी जरा भी कदर नहीं
हर सफर में मेरा कभी हमसफ़र था वो
अब सफर तो है मगर वो हमसफर नहीं
by admin · Published · Updated
दिल की धड़कन को अब एक लम्हा सबर नहीं
शायद अब उसको मेरी जरा भी कदर नहीं
हर सफर में मेरा कभी हमसफ़र था वो
अब सफर तो है मगर वो हमसफर नहीं
by admin · Published February 7, 2018 · Last modified April 30, 2018
by admin · Published April 22, 2020
by admin · Published April 18, 2020
Follow: