Author: admin

कोई ये कैसे बताए कि वो तन्हा क्यूँ है
वो जो अपना था वही और किसी का क्यूँ है .

कोई ये कैसे बताए कि वो तन्हा क्यूँ हैवो जो अपना था वही और किसी का क्यूँ है . यही दुनिया है तो फिर ऐसी ये दुनिया क्यूँ हैयही होता है तो आख़िर यही...

कोई जाता है यहाँ से न कोई आता है,
ये दीया अपने ही अँधेरे में घुट जाता है।

कोई जाता है यहाँ से न कोई आता है,ये दीया अपने ही अँधेरे में घुट जाता है। सब समझते हैं वही रात की किस्मत होगा,जो सितारा बुलंदी पर नजर आता है। मैं इसी खोज...

इंतहा आज इश्क़ की कर दी
आपके नाम ज़िन्दगी कर दी

इंतहा आज इश्क़ की कर दीआपके नाम ज़िन्दगी कर दी था अँधेरा ग़रीब ख़ाने मेंआपने आ के रौशनी कर दी देने वाले ने उनको हुस्न दियाऔर अता मुझको आशिक़ी कर दी तुमने ज़ुल्फ़ों को...

आते-आते मेरा नाम सा रह गया
उस के होंठों पे कुछ काँपता रह गया

आते-आते मेरा नाम सा रह गयाउस के होंठों पे कुछ काँपता रह गया वो मेरे सामने ही गया और मैंरास्ते की तरह देखता रह गया झूठ वाले कहीं से कहीं बढ़ गयेऔर मैं था...

अपने साये को इतना समझा दे
मुझे मेरे हिस्से की धूप आने दे

अपने साये को इतना समझा देमुझे मेरे हिस्से की धूप आने दे एक् नज़र में कई ज़माने देखे तूबूढ़ी आंखो की तस्वीर बनाने दे बाबा दुनिया जीत के मैं दिखा दूँगाअपनी नज़र से दूर...

हर ख़ुशी में कोई कमी सी है
हंसती आँखों में भी नमी सी है

हर ख़ुशी में कोई कमी सी हैहंसती आँखों में भी नमी सी है दिन भी चुपचाप सर झुकाये थारात की नब्ज़ भी थमी सी है ख्वाब था या गुबार था कोईगर्द इन पलकों पे...

मेरे जाने के बाद वो भी मुझे छुप-छुप कर देखती तो है,
थोड़ी ही सही पर वो मोहब्बत करती तो है।

मेरे जाने के बाद वो भी मुझे छुप-छुप कर देखती तो है,थोड़ी ही सही पर वो मोहब्बत करती तो है। इतनी मोहब्बत कम तो नहीं।वो इस तरह तो बोलती बहुत है, महफिलों में खिलखिलाती...

देखा तो तुझे जब पहली बार मैंने,
अपनी आंखों पर न किया था एतबार मैंने,

देखा तो तुझे जब पहली बार मैंने,अपनी आंखों पर न किया था एतबार मैंने, क्या होता है कोई इतना भी खूबसूरत,यही पूछा था खुदा से बार-बार मैंने। तेरे नीले नीले नैनो ने किया था...

दायम पड़ा हुआ तेरे दर पर नहीं हूं मैं
ख़ाक ऐसी ज़िन्दगी पे कि पत्थर नहीं हूं मैं

दायम पड़ा हुआ तेरे दर पर नहीं हूं मैंख़ाक ऐसी ज़िन्दगी पे कि पत्थर नहीं हूं मैं कयों गरदिश-ए-मुदाम से घबरा न जाये दिलइनसान हूं पयाला-ओ-साग़र नहीं हूं मैं या रब ! ज़माना मुझको...

ख़ुदा हमको ऐसी खुदाई न दे
कि अपने सिवा कुछ दिखाई न दे

ख़ुदा हमको ऐसी खुदाई न देकि अपने सिवा कुछ दिखाई न दे ख़तावार समझेगी दुनिया तुझेअब इतनी ज्यादा सफाई न दे हंसो आज इतना कि इस शोर मेंसदा सिसकियों की सुनाई न दे अभी...