न जाहिर हुई तुमसे
न जाहिर हुई तुमसे और न ही बयान हुई हमसे,
बस सुलझी हुई आँखो में उलझी रही मोहब्बत।
by admin ·
न जाहिर हुई तुमसे और न ही बयान हुई हमसे,
बस सुलझी हुई आँखो में उलझी रही मोहब्बत।
by admin · Published December 20, 2021
by admin · Published December 22, 2021
by admin · Published April 28, 2020
Follow: