Monthly Archive: June 2021

तू चाँद मैं सितारा होता

तू चाँद मैं सितारा होता,आसमान में एक आशिया हमारा होता।लोग तुझे दूर से देखा करते औरसिर्फ पास रहने का हक हमारा होता।

कोई ग़ज़ल सुना कर क्या करना

कोई ग़ज़ल सुना कर क्या करना,यूँ बात बढ़ा कर क्या करना।तुम मेरे थे, तुम मेरे हो,दुनिया को बता कर क्या करना।तुम साथ निभाओ चाहत से,कोई रस्म निभा कर क्या करना।तुम खफ़ा भी अच्छे लगते...

ज़िन्दगी के सफ़र में

ज़िन्दगी के सफ़र में आपका सहारा चाहिएआपके चरणों का बस आसरा चाहिएहर मुश्किलों का हँसते हुए सामना करेंगेबस ठाकुर जी आपका एक इशारा चाहिए

तेरी बातों का असर

तेरी बातों का असरजो छाया है मेरे दिल परयक़ीनन मुझे तड़पाएगाअब ये रात भरसोचा भूल जाऊंगा तुझेअब करूँगा ना यादमगर दर्द ही मिला मुझे,तुझे भूल कर

हर एक बात पे कहते हो

हर एक बात पे कहते हो तुम कि तू क्या है तुम्हीं कहो कि ये अंदाज़-ए-गुफ़्तुगू क्या है न शो’ले में ये करिश्मा न बर्क़ में ये अदा कोई बताओ कि वो शोख़-ए-तुंद-ख़ू क्या...

मोम के पास कभी आग को लेकर देखूं

मोम के पास कभी आग को लेकर देखूंसोचता हूँ के तुझे हाथ लगाकर देखूं मैंने देखा है ज़माने को शराब पीकरदम निकल जाए अगर होश में आकर देखूं दिल का मंदिर बड़ा वीरान नज़र...

अनदेखे धागों से

अनदेखे धागों से,कुछ यू बांध गया मुझको,कि वो साथ ही नहीं,और हम आजाद भी नहीं|

मैंने कब कहा कि, वह मिल जाए मुझे?

मैंने कब कहा कि,वह मिल जाए मुझे?कहीं वो गैर ना हो जाए,बस इतनी सी हसरत है |उन रिश्तो को भी निभाया है मैंने,जिनमें न मिलना,सबसे पहले सर्त थी |